Published on 19/03/2026 04:11 PM
Defensive Stocks: युद्ध या भू राजनीतिक तनाव के समय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव बढ़ जाता है। ऐसे माहौल में निवेशक आम तौर पर उन कंपनियों की तरफ रुख करते हैं, जिनका बिजनेस हर हाल में चलता रहता है। इन्हें ही डिफेंसिव स्टॉक्स कहा जाता है।
आमतौर पर यूटिलिटी, FMCG, हेल्थकेयर और जरूरी सेवाओं से जुड़ी कंपनियां इस श्रेणी में आती हैं। इन सेक्टरों की कंपनियां ऐसे प्रोडक्ट और सर्विस देती हैं, जिनकी मांग आर्थिक हालात खराब होने पर भी बनी रहती है।
पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के असर से सेंसेक्स में करीब 6000 अंक यानी लगभग 7.5 प्रतिशत की गिरावट देखने को मिली है। हालांकि इस दौरान कुछ स्टॉक्स ऐसे भी हैं जिन्होंने मजबूती दिखाई है और कुछ में तो तेजी भी दर्ज की गई है।
Coal India
कोल इंडिया देश की सबसे बड़ी कोयला खनन और उत्पादन कंपनी है। देश के कुल कोयला उत्पादन में इसकी हिस्सेदारी 80 प्रतिशत से ज्यादा है। पश्चिम एशिया में युद्ध शुरू होने के बाद Coal India के शेयर में मजबूती देखने को मिली है। इसने 13 मार्च 2026 को 52 हफ्ते का नया हाई भी बनाया। मजबूत डिविडेंड और गर्मी के मौसम में कोयले की बढ़ती मांग भी इस शेयर को सपोर्ट दे रही है।
आगे की रणनीति के तहत कंपनी वित्त वर्ष 2035 तक 1.23 अरब टन उत्पादन का लक्ष्य रखती है। वित्त वर्ष 2025 से हर साल करीब 8 प्रतिशत ग्रोथ का अनुमान है। साथ ही कंपनी रिन्यूएबल एनरिजी में भी तेजी से निवेश कर रही है। वित्त वर्ष 2028 तक 3000 मेगावाट सोलर क्षमता स्थापित करने का लक्ष्य है।
Mazagon Dock Shipbuilders
Mazagon Dock Shipbuilders ने भारतीय नौसेना के लिए कई विध्वंसक जहाज और पारंपरिक पनडुब्बियां बनाई हैं। इसकी इंफ्रास्ट्रक्चर क्षमता इतनी है कि यह एक साथ 11 पनडुब्बियां और 10 युद्धपोत बना सकता है। भू राजनीतिक संकट के समय डिफेंस कंपनियों को भी डिफेंसिव स्टॉक्स की तरह देखा जाने लगता है, क्योंकि ऐसे समय में सरकारें रक्षा खर्च बढ़ा सकती हैं।
वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू 36,011 मिलियन रुपये रहा, जो पिछले साल की तुलना में ज्यादा है। नेट प्रॉफिट भी बढ़कर 8,371 मिलियन रुपये हो गया। कंपनी के पास दिसंबर 2025 तक करीब 237.58 अरब रुपये का ऑर्डर बुक था, जिसमें कई बड़े रक्षा प्रोजेक्ट शामिल हैं।
Sun Pharmaceutical Industries
Sun Pharma भारत की सबसे बड़ी फार्मा कंपनी है और दुनिया की प्रमुख जेनेरिक दवा निर्माताओं में शामिल है। कंपनी 80 से ज्यादा देशों में कारोबार करती है। अमेरिका के जेनेरिक दवा बाजार में भी मजबूत मौजूदगी रखती है।
Pharmarack MAT दिसंबर 2025 के आंकड़ों के मुताबिक, करीब 2,407 करोड़ रुपये के भारतीय फार्मास्यूटिकल्स बाजार में Sun Pharma की बाजार हिस्सेदारी 8.4 प्रतिशत है। पिछली अवधि में कंपनी की हिस्सेदारी 8.1 प्रतिशत थी।
Bharat Electronics
Bharat Electronics Limited भारत सरकार के रक्षा मंत्रालय के तहत एक प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी है। यह सेना के लिए उन्नत इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम और इक्विपमेंट बनाने में माहिर है। युद्ध के बाद भी इस शेयर ने अपेक्षाकृत स्थिर प्रदर्शन किया है।
आत्मनिर्भर भारत पहल से Bharat Electronics को मजबूत बढ़त मिल रही है। कंपनी का ऑर्डर बुक जनवरी 2026 तक करीब 730 अरब रुपये था। इससे भविष्य की ग्रोथ की अच्छी संभावना दिखती है। साथ ही कंपनी स्पेस और स्मार्ट सिटी जैसे सिविल सेक्टर में भी विस्तार कर रही है और अपने कुल कारोबार में एक्सपोर्ट की हिस्सेदारी 10 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य रखती है।
Aurobindo Pharma
Aurobindo Pharma एक बड़ी भारतीय मल्टीनेशनल फार्मा कंपनी है, जो जेनेरिक दवाओं और फार्मा उत्पादों का निर्माण और मार्केटिंग करती है। आगे की योजना के तहत Aurobindo Pharma ने हाल ही में आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में अपनी प्रमुख Penicillin-G मैन्युफैक्चरिंग सुविधा शुरू की है।
कंपनी अगले 12 महीनों में यहां सालाना उत्पादन क्षमता को 10,000 मीट्रिक टन से ज्यादा तक बढ़ाने का लक्ष्य रखती है। लंबे समय में इसे 15,000 मीट्रिक टन तक ले जाने की योजना है।
क्या डिफेंसिव स्टॉक्स में निवेश करना सही है
डिफेंसिव स्टॉक्स अनिश्चित समय में पोर्टफोलियो को स्थिरता दे सकते हैं। हालांकि अगर निवेशक केवल इन्हीं स्टॉक्स में पैसा लगाते हैं, तो वे भविष्य में आने वाली तेजी से चूक सकते हैं।
युद्ध या तनाव का दौर हमेशा नहीं रहता। जब हालात सामान्य होते हैं तो अन्य सेक्टरों के स्टॉक्स तेजी से बढ़ सकते हैं। इसलिए निवेश के लिए सबसे बेहतर रणनीति यही मानी जाती है कि पोर्टफोलियो को अलग अलग सेक्टरों में बांटकर रखा जाए।
Trading plan : जहां रैली फेल हो वहां शॉर्ट करें, ये युद्ध अलग है, इसे समझना होगा, नहीं चलेगी लेवल बेस्ड नौसिखिया अप्रोच
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।हिंदी में शेयर बाजार, स्टॉक मार्केट न्यूज़, बिजनेस न्यूज़, पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App डाउनलोड करें।