Published on 19/03/2026 10:26 PM
प्राइवेट सेक्टर के सबसे बड़े लेंडर HDFC Bank का शेयर 19 मार्च के शुरुआती कारोबार में 8 प्रतिशत से ज्यादा गिर गया। यह गिरावट पार्ट टाइम चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती के इस्तीफे की खबर के बाद आई। चक्रवर्ती ने 'व्यक्तिगत मूल्यों और नैतिकता से जुड़े मतभेद' का हवाला देते हुए पद छोड़ दिया।
भारत के सबसे बड़े निजी बैंक के शेयर ने इस खबर पर तेज प्रतिक्रिया दी। सुबह यह 8 प्रतिशत से ज्यादा गिर गया। बाद में कुछ रिकवरी आई। फिर भी स्टॉक 5.11% गिरकर 800 रुपये पर बंद हुआ। इस गिरावट का असर उन म्यूचुअल फंड की स्कीमों पर भी होगा, जिनका HDFC बैंक में एक्सपोजर ज्यादा है।
म्यूचुअल फंड और ETF पर भी असर
ACE MF के आंकड़ों के मुताबिक कई इंडेक्स फंड और एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) में HDFC Bank की हिस्सेदारी काफी ज्यादा है। इसलिए शेयर में तेज गिरावट इन फंडों के प्रदर्शन को भी प्रभावित कर सकती है।
Baroda BNP Paribas NIFTY Bank ETF में HDFC Bank का एक्सपोजर सबसे ज्यादा 19.83 प्रतिशत है। इसके बाद Axis Nifty Bank Index Fund और Axis NIFTY Bank ETF आते हैं। इनमें करीब 19.7 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सेदारी है। इसके अलावा कई अन्य Nifty Bank ETF और इंडेक्स फंड में भी इस बैंक का वेटेज लगभग 19.6 से 19.7 प्रतिशत के बीच है।
इन एक्टिव फंड्स में भी ज्यादा निवेश
कुछ एक्टिवली मैनेज किए जाने वाले म्यूचुअल फंड स्कीमों में भी HDFC Bank का निवेश ज्यादा है। ACE MF के मुताबिक Mirae Asset ELSS Tax Saver Fund में बैंक की हिस्सेदारी करीब 9.71 प्रतिशत है। वहीं Mirae Asset Large Cap Fund में यह 9.54 प्रतिशत और Quant Business Cycle Fund में लगभग 9.50 प्रतिशत है। कई अन्य फंडों में भी इसका एक्सपोजर 9 से 9.4 प्रतिशत के बीच है।
फंड रिटर्न पर पड़ सकता है असर
बैंकिंग सेक्टर पर आधारित फंड और ETF में HDFC Bank का ज्यादा वेटेज होना सामान्य बात है। लेकिन कई डायवर्सिफाइड एक्टिव फंड भी इस स्टॉक में निवेश के कारण शॉर्ट टर्म में उतार चढ़ाव का सामना कर सकते हैं।
अगर किसी फंड में HDFC Bank का वेटेज ज्यादा है, तो उसके शेयर में तेज गिरावट का असर सीधे उस फंड के रिटर्न पर पड़ सकता है। अगर स्टॉक में गिरावट लंबे समय तक बनी रहती है, तो इन स्कीमों के प्रदर्शन पर दबाव रह सकता है।
मैनेजमेंट ने दिया भरोसा
इस बीच HDFC बैंक के मैनेजमेंट ने निवेशकों को भरोसा दिलाने की कोशिश की है। HDFC Bank के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर श्रीनिवासन वैद्यनाथन ने कहा कि बैंक की नेतृत्व टीम अंतरिम चेयरमैन केकी मिस्त्री और बोर्ड के साथ पूरी तरह तालमेल में काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि टीम के बीच मजबूत सहयोग और बेहतर समन्वय है। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले एक से दो साल में बैंक की टेक्नोलॉजी क्षमताएं कारोबार में बड़ा अंतर पैदा कर सकती हैं।
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